डॉ. दीपक अग्रवाल
अमरोहा/उत्तर प्रदेश (सनशाइन न्यूज)
जनोपयोगी और लोकहितकारी साहित्य सृजन के लिए बिजनौर के ग्राम फीना निवासी इंजीनियर हेमन्त कुमार को जयपुर राजस्थान में आयोजित राष्ट्रीय स्तर के साहित्य सम्मेलन में संत मीराबाई सांस्कृतिक व सांस्कृतिक सम्मान प्रदान किया गया है ।
साहित्यिक संस्था नवउदय का आयोजन
यह कार्यक्रम ग्वालियर मध्य प्रदेश की साहित्यिक संस्था नवउदय ने आयोजित किया। इस समारोह में हिंदी सेवकों के सम्मान के अलावा काव्य पाठ और विभिन्न लेखकों की पुस्तकों का विमोचन भी किया गया। इस संस्था से देश विदेश के कई सैकड़ा लेखक व पाठक जुड़े हैं और यह राष्ट्रीय स्तर की हिन्दी मासिक पत्रिका नवउदय भी प्रकाशित करती।
हेमन्त कुमार ने स्थानीय इतिहास और तकनीकी लेखन जैसे ध्रुव साहित्य क्षेत्रों में खोजपूर्ण, मौलिक तथा जनोपयोगी लेखन किया है। आम व्यक्ति के हित से जुड़े तकनीकी लेखन के लिए हेमन्त कुमार को उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान द्वारा प्रतिष्ठित संपूर्णानंद नामित पुरस्कार और पचहत्तर हजार रुपए की ईनाम राशि मिल चुकी है।
स्थानीय इतिहास पर भी हेमन्त का बड़ा कार्य
स्थानीय इतिहास पर भी हेमन्त कुमार ने बड़ा कार्य किया है जिससे जनपद में इतिहास कार्यों को नई दिशा मिली है। विशेषकर आजादी के अमृत महोत्सव में क्रांतिकारियों पर हेमंत कुमार की नवीन खोज अत्यंत प्रभावशाली रहीं। इन्होंने बिजनौर जनपद के इतिहास की पृष्ठभूमि से जुड़ी सैकड़ों मौलिक खोज करते हुए पांच पुस्तक लिखीं और इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में भी नाम दर्ज कराया। इनकी पुस्तक जनपद बिजनौर का परिचय जनपद के इतिहास पर आरंभिक और मौलिक रचना हैं। इनकी एक और अत्यंत खोजपूर्ण और मौलिक पुस्तक ग्राम फीना के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और उनकी संघर्ष गाथा में पैंतालीस गुमनाम सेनानियों का विवरण दिया गया।
क्रांतिकारियों को समर्पित भव्य स्मारक बनवाया
इनकी प्रेरणा और खोज के आधार पर ग्राम फीना में सामाजिक संस्था ग्राम फीना कल्याण समिति ने जनसहयोग से क्रांतिकारियों को समर्पित भव्य स्मारक बनवाया। दैनिक जागरण अमर उजाला हिंदुस्तान आदि समाचार पत्रों में हेमन्त कुमार के शोध आधारित अनेक वक्तव्य प्रकाशित होते रहते हैं।
ग्यारह पुस्तक प्रकाशित
विभिन्न विषयों पर हेमन्त कुमार की अभी तक ग्यारह पुस्तक प्रकाशित हो चुकी हैं। विशिष्ट लेखकीय कार्यों के लिए हेमन्त कुमार का नाम इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में चार बार दर्ज हुआ है। हेमन्त कुमार जिला बिजनौर के ग्राम फीना के रहने वाले हैं और सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग उत्तर प्रदेश के बाढ़ प्रबंधन सूचना प्रणाली लखनऊ में सहायक अभियंता के पद पर कार्यरत हैं । स्थानीय इतिहास पर खोजपूर्ण लेखन, संस्मरण, पत्रलेखन, विज्ञान लेखन, के अलावा इंजीनियर हेमन्त ने संपादन और पुस्तक समीक्षा पर भी अच्छा कार्य किया है । पत्रिकाओं में आपके लेख निरंतर प्रकाशित होते रहते हैं साथ ही अखबारों में भी इनके अनेकानेक खोजपूर्ण वक्तव्य प्रकाशित होते रहते हैं । इंजीनियर हेमन्त कुमार के नव साहित्य सृजन से हिन्दी की सराहनीय सेवा तो हुई ही है साथ ही साथ इनकी सृजनशीलता और रचनात्मकता से अनेक विरासतों और धरोहरों का भी निर्माण हुआ है।
राष्ट्रीय समारोह में सम्मानित
धरातल पर हेमन्त कुमार के अच्छे और सकारात्मक प्रभाव को देखते हुए इनको जयपुर में सम्पन्न राष्ट्रीय समारोह में सम्मानित किया गया। इस समारोह में पूरे भारत से हिंदी साहित्यकार सम्मिलित हुए । किन्हीं कारणवश हेमन्त जयपुर समारोह में नहीं पहुंच पाए थे जिससे उन्हें सम्मान पत्र तथा ट्रॉफी डाक द्वारा भेजी गई। जनोपयोगी साहित्य सृजन की दिशा में निरंतर कार्य करने के लिए इससे पहले हेमन्त कुमार मुंबई तथा लखनऊ और भोपाल में भी सम्मानित हो चुके हैं।

